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12 अक्तूबर 2026 | भरोसेमंद खबरें, सीधे आपके शहर से
अंक: 12 Oct 2026
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नोएडा की हाउसिंग सोसायटियों में रूफटॉप सोलर को बढ़ावा देगा प्रशासन, 4,010 घरों में लग चुके हैं सौर ऊर्जा सिस्टम

Rinku Yadav • • 4 मिनट पढ़ें
नोएडा की हाउसिंग सोसायटियों में रूफटॉप सोलर को बढ़ावा देगा प्रशासन, 4,010 घरों में लग चुके हैं सौर ऊर्जा सिस्टम

RWA और AOA के जरिए जागरूकता अभियान चलाएगा प्रशासन, जिले में 4,010 घरों में लग चुके हैं सोलर सिस्टम; 3,621 को मिली अंतिम मंजूरी

अनप्लग इंडिया। डेस्क

नोएडा। बिजली के बिल में राहत और स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा देने के उद्देश्य से गौतमबुद्ध नगर में प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के प्रचार-प्रसार को तेज करने की तैयारी है। इसके लिए प्रशासन और संबंधित विभाग अब रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन (RWA) तथा अपार्टमेंट ओनर्स एसोसिएशन (AOA) की मदद लेंगे। अधिकारियों का प्रयास है कि हाउसिंग सोसायटियों और ऊंची आवासीय इमारतों में रहने वाले अधिक से अधिक पात्र परिवार छतों पर सोलर सिस्टम लगवाने की प्रक्रिया को समझें और योजना का लाभ उठा सकें।

गौतमबुद्ध नगर में योजना के तहत अब तक 5,822 आवेदन प्राप्त हुए हैं। इनमें से 5,783 आवेदन घरेलू उपभोक्ताओं के हैं। अधिकारियों के मुताबिक, 5,368 मामलों में वेंडर का चयन किया जा चुका है, जबकि 4,010 घरों में सोलर सिस्टम लगाने का काम पूरा हो चुका है।

ये आंकड़े बताते हैं कि जिले में रूफटॉप सोलर को लेकर लोगों की रुचि बढ़ रही है। हालांकि, आवेदन करने, सिस्टम लगने और अंतिम स्वीकृति मिलने की प्रक्रिया अलग-अलग चरणों में पूरी होती है।

3,621 सिस्टम को मिली अंतिम मंजूरी

जिले में स्थापित 4,010 सोलर सिस्टम में से 3,861 का निरीक्षण पूरा हो चुका है और 3,621 को अंतिम मंजूरी मिल गई है। वहीं, 3,555 लाभार्थियों के बैंक खातों में केंद्र सरकार की वित्तीय सहायता भेजी जा चुकी है।

इससे स्पष्ट है कि केवल सोलर पैनल लगवा लेना ही पूरी प्रक्रिया नहीं है। निर्धारित निरीक्षण, तकनीकी औपचारिकताओं और अंतिम स्वीकृति के बाद ही पात्र लाभार्थी को योजना के तहत मिलने वाली सहायता प्राप्त होती है।

RWA और AOA को दी जाएगी अहम जिम्मेदारी

फर्म्स, सोसाइटीज एंड चिट्स विभाग के उप निबंधक निखिलेश रंजन ने गौतमबुद्ध नगर की पंजीकृत RWA और AOA के पदाधिकारियों से योजना की जानकारी अधिक से अधिक निवासियों तक पहुंचाने की अपील की है। विभाग का मानना है कि आवासीय संगठनों के माध्यम से लोगों को आवेदन प्रक्रिया, पात्रता और सोलर सिस्टम लगवाने की तकनीकी जानकारी देना आसान होगा।

योजना के प्रचार के लिए विभागीय कर्मचारी और अधिकृत वेंडर आवासीय सेक्टरों तथा सोसायटियों में जागरूकता गतिविधियां चलाएंगे। इसके लिए कैंप और पर्चों के माध्यम से जानकारी देने की योजना है। रिपोर्ट में बताया गया है कि ये जागरूकता गतिविधियां नि:शुल्क होंगी और इनके लिए निवासियों से कोई शुल्क नहीं लिया जाना चाहिए।

योजना का लाभ लेने के लिए क्या करना होगा?

प्रधानमंत्री सूर्य घर योजना के तहत पात्र घरेलू उपभोक्ता आधिकारिक पोर्टल पर पंजीकरण कर सकते हैं। आवेदन के दौरान राज्य, संबंधित बिजली वितरण कंपनी और उपभोक्ता खाता संख्या जैसी जानकारी देनी होती है। इसके बाद निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार तकनीकी स्वीकृति लेकर पंजीकृत वेंडर से सोलर सिस्टम लगवाया जा सकता है।

स्थापना के बाद नेट मीटर लगाने और बिजली वितरण कंपनी के निरीक्षण जैसी औपचारिकताएं पूरी करनी होती हैं। पात्र लाभार्थियों को निर्धारित नियमों के अनुसार वित्तीय सहायता सीधे बैंक खाते में दी जाती है।

योजना के तहत मिलने वाली सहायता की राशि और वास्तविक बचत सिस्टम की क्षमता, पात्रता, बिजली उत्पादन और लागू नियमों पर निर्भर करती है। इसलिए निवासियों को किसी वेंडर के बड़े बचत संबंधी दावों पर भरोसा करने से पहले आधिकारिक पोर्टल पर जानकारी जांचनी चाहिए।

नोएडा की हाउसिंग सोसायटियों में RWA और AOA की भागीदारी से योजना के बारे में जागरूकता बढ़ने की संभावना है। अब यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि मौजूदा आवेदनों में से कितने सिस्टम जल्द स्थापित होते हैं और कितने लाभार्थियों की स्वीकृति तथा सहायता वितरण की प्रक्रिया पूरी होती है।

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