नोएडा के उद्यमियों को बड़ी राहत, यूनिफाइड रेगुलेशन-2025 में कई संशोधनों को मंजूरी
औद्योगिक इकाइयों के हस्तांतरण पर शुल्क 10 से घटाकर 7 प्रतिशत करने का प्रस्ताव मंजूर; निर्माण के लिए एक साल का अतिरिक्त समय और विलंब शुल्क में भी कटौती
अनप्लग इंडिया। डेस्क
नोएडा। नोएडा के औद्योगिक कारोबारियों और उद्यमियों को राहत देने की दिशा में नोएडा प्राधिकरण ने यूनिफाइड रेगुलेशन-2025 में कई महत्वपूर्ण संशोधनों को मंजूरी दी है। नोएडा एंटरप्रेन्योर्स एसोसिएशन (NEA) ने इस फैसले के लिए प्राधिकरण का आभार जताया है। एसोसिएशन के अध्यक्ष विपिन कुमार मल्हन ने 3 नवंबर को मुख्य कार्यपालक अधिकारी को पत्र भेजकर इन संशोधनों को उद्यमियों के हित में महत्वपूर्ण कदम बताया।
एसोसिएशन के पत्र के अनुसार, 28 अक्टूबर 2026 को हुई प्राधिकरण की 224वीं बोर्ड बैठक में यूनिफाइड रेगुलेशन-2025 में संशोधन को मंजूरी दी गई। इन बदलावों में औद्योगिक इकाइयों के हस्तांतरण शुल्क, भूखंडों पर निर्माण पूरा करने की समय-सीमा, शेयरधारिता में बदलाव की सूचना और पारिवारिक शेयर हस्तांतरण से जुड़े नियम शामिल हैं।
औद्योगिक इकाइयों के हस्तांतरण पर शुल्क घटेगा
NEA के मुताबिक, कार्यशील औद्योगिक इकाइयों के हस्तांतरण पर लगने वाला शुल्क 10 प्रतिशत के बजाय 7 प्रतिशत किए जाने से कारोबारियों को राहत मिलेगी। इससे औद्योगिक इकाइयों के पुनर्गठन और नए निवेशकों के प्रवेश की लागत कम होने की उम्मीद है।
निर्माण पूरा करने के लिए एक साल का अतिरिक्त समय
औद्योगिक भूखंडों पर निर्माण कार्य पूरा करने और इकाई को कार्यशील बनाने के लिए एक वर्ष का अतिरिक्त समय देने का भी उल्लेख पत्र में किया गया है। इससे उन उद्यमियों को राहत मिल सकती है, जिन्हें निर्धारित समय में निर्माण और उत्पादन शुरू करने में कठिनाई हो रही थी।
शेयरधारिता में बदलाव पर विलंब शुल्क कम
एसोसिएशन के पत्र के अनुसार, कंपनी की शेयरधारिता में बदलाव होने पर निर्धारित समय में सूचना नहीं देने पर लगने वाले विलंब शुल्क को 500 रुपये प्रतिदिन से घटाकर 300 रुपये प्रतिदिन करने का निर्णय लिया गया है। इसके अलावा प्राइवेट लिमिटेड कंपनी को एलएलपी में बदलने की प्रक्रिया को भी आसान बनाने की बात कही गई है।
पारिवारिक शेयर हस्तांतरण में भी राहत
यूनिफाइड रेगुलेशन में पारिवारिक शेयर हस्तांतरण से जुड़े नियमों में भी बदलाव किया गया है। पत्र के अनुसार, सास-ससुर से पुत्रवधू को शेयर हस्तांतरण को शुल्क में छूट के लिए निर्धारित पारिवारिक संबंधों की श्रेणी में शामिल किया गया है। इससे परिवार के भीतर शेयरों के हस्तांतरण में राहत मिलने की उम्मीद है।
NEA अध्यक्ष विपिन कुमार मल्हन ने पत्र में कहा कि इन संशोधनों से औद्योगिक निवेश और कारोबार को बढ़ावा मिलेगा तथा उद्यमियों को राहत मिलेगी। एसोसिएशन ने उम्मीद जताई है कि प्राधिकरण आगे भी उद्योगों के हितों को ध्यान में रखते हुए सकारात्मक फैसले लेता रहेगा।
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