मुख्य सामग्री पर जाएँ
ब्रेकिंग
▪ राजनीति: CJI सूर्यकांत ने राहुल गांधी-खड़गे से मिलने से किया इनकार, विपक्ष आज सुप्रीम कोर्ट तक निकालेगा मार्च ▪ मेरा शहर: ग्रेटर नोएडा वेस्ट की इको विलेज-2 सोसायटी में पानी का संकट, हजारों निवासियों की दिनचर्या प्रभावित ▪ राजनीति: ओवैसी की योगी और अखिलेश को चुनौती, बोले- ‘बाबा संभल आएं, अखिलेश गोरखपुर जाएं’ ▪ राजनीति: शांतिपूर्ण प्रदर्शनकारियों को गैरकानूनी हिरासत में न लें: सुप्रीम कोर्ट ▪ राजनीति: CJP का आज फिर जंतर-मंतर मार्च, दिल्ली में सुरक्षा कड़ी; मेट्रो प्रतिबंध पर सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई ▪ राजनीति: राहुल गांधी बोले- लोकतंत्र बचाने के लिए सवाल पूछना जरूरी, चेन्नई में युवाओं से किया संवाद ▪ राजनीति: दिल्ली में CJP का प्रदर्शन फिर जारी रखने का ऐलान, 7 हजार लोगों को हिरासत में लेने का दावा ▪ राजनीति: दिल्ली में CJP के प्रदर्शन से पहले सख्ती, 600 समर्थक हिरासत में; जंतर-मंतर जाने वाले रास्तों पर बैरिकेडिंग
12 अक्तूबर 2026 | भरोसेमंद खबरें, सीधे आपके शहर से
अंक: 12 Oct 2026
Unplug India

भरोसेमंद खबरें, सीधे आपके शहर से

आज का अखबार पढ़ें

इकरा हसन पर बयान को लेकर फिर चर्चा में नंद किशोर गुर्जर, बोले- उनके पिता ने समाज को जोड़ने की कोशिश की थी

Rinku Yadav • • 3 मिनट पढ़ें
इकरा हसन पर बयान को लेकर फिर चर्चा में नंद किशोर गुर्जर, बोले- उनके पिता ने समाज को जोड़ने की कोशिश की थी

लोनी विधायक ने रोटी-बेटी के रिश्तों की वकालत की, शादी वाले बयान पर कायम; कैराना सांसद को लेकर राजनीतिक बयानबाजी तेज

अनप्लग इंडिया। डेस्क

गाजियाबाद। कैराना से समाजवादी पार्टी की सांसद इकरा हसन की शादी को लेकर दिए गए बयान पर भाजपा विधायक नंद किशोर गुर्जर ने एक बार फिर अपनी बात रखी है। गाजियाबाद के लोनी से विधायक गुर्जर का कहना है कि उन्होंने कोई नई बात नहीं कही है। उनके मुताबिक, गुर्जर समाज के विभिन्न वर्गों के बीच आपसी संबंध मजबूत करने की कोशिश पहले भी होती रही है। इस मुद्दे पर उनके बयान के बाद राजनीतिक और सामाजिक स्तर पर बहस तेज हो गई है।

बोले- इकरा हसन के पिता ने भी की थी पहल

नंद किशोर गुर्जर ने अपने पक्ष में इकरा हसन के पिता और पूर्व सांसद मुनव्वर हसन का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि मुनव्वर हसन और पूर्व सांसद हुकुम सिंह सहित कई लोगों ने गुर्जर समाज के विभिन्न वर्गों के बीच सामाजिक रिश्ते मजबूत करने की दिशा में काम किया था। विधायक के अनुसार, उस समय समाज में आपसी मेलजोल बढ़ाने और रोटी-बेटी के संबंध कायम करने पर जोर दिया गया था।

उन्होंने कहा कि गुर्जर समाज के हिंदू, मुस्लिम और सिख समुदायों के लोगों को एक परिवार की तरह जोड़ने की जरूरत है। उनका दावा है कि इकरा हसन को भी इसी सामाजिक एकता के संदर्भ में उन्होंने अपनी बात कही थी।

इकरा के शादी वाले बयान पर कायम विधायक

विधायक नंद किशोर गुर्जर ने कुछ दिन पहले कहा था कि यदि इकरा हसन सहमत हों तो उनकी शादी हिंदू गुर्जर युवक से कराई जा सकती है। अब उन्होंने फिर कहा कि उनके बयान का उद्देश्य समाज को जोड़ना है, किसी का धर्म बदलवाना नहीं।

हालांकि, किसी की शादी किससे होगी, यह संबंधित व्यक्ति की अपनी पसंद और सहमति का विषय है। विधायक के बयान को लेकर विरोधी दलों और कुछ सामाजिक वर्गों की ओर से आपत्तियां उठाई गई हैं।

इकरा हसन ने उठाया था सम्मान का सवाल

इकरा हसन ने करीब एक साल पहले सहारनपुर जिले के गंगोह क्षेत्र के छापुर गांव में अपने संबोधन के दौरान कहा था कि चुनाव के समय विभिन्न समुदायों के लोगों ने उन्हें बेटी और बहन मानकर समर्थन दिया था। उन्होंने विरोध के दौरान महिलाओं, धर्म और बिरादरी को लेकर की जाने वाली टिप्पणियों पर आपत्ति जताई थी।

सांसद ने कहा था कि राजनीतिक असहमति हो सकती है, लेकिन किसी महिला के खिलाफ अपमानजनक भाषा का इस्तेमाल उचित नहीं है। उन्होंने यह सवाल भी उठाया था कि क्या वह गुर्जर समाज की बेटी नहीं हैं।

गुर्जर समाज की एकता का दिया हवाला

नंद किशोर गुर्जर ने कहा कि गुर्जर महासभा समाज के विभिन्न वर्गों को एकजुट रखने का प्रयास करेगी। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ राजनीतिक दल समाज को बांटने की कोशिश कर रहे हैं। विधायक ने इकरा हसन के मस्जिद से जुड़े एक बयान पर भी सवाल उठाए और कहा कि अदालत के आदेश के संबंध में उनकी टिप्पणी उचित नहीं थी।

इस पूरे विवाद में एक ओर विधायक सामाजिक एकता और पारिवारिक रिश्तों की बात कर रहे हैं, वहीं दूसरी ओर उनके बयान को लेकर असहमति सामने आ रही है। ऐसे में यह मामला अब केवल एक राजनीतिक टिप्पणी तक सीमित नहीं रह गया है, बल्कि सामाजिक पहचान, महिलाओं की गरिमा और व्यक्तिगत पसंद को लेकर भी चर्चा का विषय बन गया है।

यह भी पढ़ें