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13 अक्तूबर 2026 | भरोसेमंद खबरें, सीधे आपके शहर से
अंक: 13 Oct 2026
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राहुल गांधी बोले- मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार का इस्तीफा लेकर रहेंगे, आंदोलन जारी रहेगा

Rinku Yadav • • 5 मिनट पढ़ें
राहुल गांधी बोले- मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार का इस्तीफा लेकर रहेंगे, आंदोलन जारी रहेगा

SIR के विरोध में INDIA ब्लॉक की 8 दिन में छठी बैठक, राहुल के आवास पर चाय पर चर्चा के बाद विपक्षी नेताओं ने दोहराया अपना रुख; बोले- लोकतांत्रिक प्रक्रिया बहाल होने तक जारी रहेगी लड़ाई

अनप्लग इंडिया। डेस्क

नई दिल्ली। मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर विपक्षी दलों का विरोध तेज होता जा रहा है। मंगलवार को कांग्रेस नेता राहुल गांधी के आवास पर INDIA ब्लॉक के नेताओं ने बैठक की। करीब दो घंटे तक चली इस बैठक के बाद विपक्षी नेताओं ने संयुक्त रूप से मीडिया को संबोधित किया और आंदोलन जारी रखने का ऐलान किया।

राहुल गांधी ने कहा कि मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार का इस्तीफा लेना विपक्ष का मिशन है। इसमें चाहे एक दिन लगे, एक साल या दो साल, आंदोलन जारी रहेगा। उन्होंने कहा कि विपक्ष देश में लोकतांत्रिक प्रक्रिया बहाल करने के लिए अंत तक संघर्ष करेगा।

यह आठ दिनों के भीतर INDIA ब्लॉक के नेताओं की छठी बैठक थी। इसमें कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे, प्रियंका गांधी वाड्रा, शशि थरूर, सुप्रिया सुले, तेजस्वी यादव, डी. राजा और के. सुरेश समेत कई विपक्षी नेता शामिल हुए।

राहुल गांधी बोले- लोकतांत्रिक अधिकारों की लड़ाई जारी रहेगी

प्रेस कॉन्फ्रेंस में राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि देश में लोकतंत्र और चुनावी व्यवस्था को नुकसान पहुंचाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि यह लड़ाई किसी राजनीतिक दल या नेता के लिए नहीं, बल्कि देश की जनता और उसके भविष्य के लिए है।

राहुल ने कहा कि विपक्ष लोकतांत्रिक शासन व्यवस्था को बहाल करने के लिए एकजुट होकर संघर्ष करता रहेगा। उन्होंने यह भी कहा कि सरकार को समझना होगा कि संविधान को नुकसान पहुंचाकर बच निकलना आसान नहीं है। उनके मुताबिक, विपक्ष इस मुद्दे पर अपनी आवाज उठाता रहेगा, भले ही इसमें लंबा समय क्यों न लगे।

जंतर-मंतर पर प्रदर्शन को लेकर भी उठाए सवाल

राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि सरकार जंतर-मंतर पर लोकतांत्रिक तरीके से विरोध दर्ज कराने के अधिकार को सीमित करना चाहती है। उन्होंने कहा कि विपक्ष सरकार की इस सोच को चुनौती देगा।

बैठक में शामिल अन्य नेताओं ने भी प्रदर्शन के अधिकार और चुनावी प्रक्रिया की निष्पक्षता को लेकर सवाल उठाए। विपक्षी नेताओं का कहना है कि SIR से जुड़े मुद्दों की जांच होनी चाहिए और चुनाव आयोग की भूमिका पर उठ रहे सवालों का जवाब मिलना चाहिए।

तेजस्वी यादव और अन्य नेताओं ने भी साधा निशाना

RJD नेता तेजस्वी यादव ने विपक्षी एकजुटता पर जोर देते हुए कहा कि लोकतंत्र और संवैधानिक संस्थाओं की रक्षा के लिए सभी दल साथ मिलकर संघर्ष करेंगे। उन्होंने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर गंभीर आरोप लगाए और कहा कि विपक्ष अपनी लड़ाई जारी रखेगा।

CPI(M) नेता एमए बेबी ने आरोप लगाया कि भाजपा वोट देने के अधिकार, विरोध प्रदर्शन की जगह और लोकतांत्रिक व्यवस्था को प्रभावित कर रही है।

तृणमूल कांग्रेस की सांसद सागरिका घोष ने भी चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर सवाल उठाए। वहीं, वरिष्ठ अधिवक्ता प्रशांत भूषण ने कहा कि SIR और कथित वोट चोरी के खिलाफ आंदोलन जारी रहेगा। उन्होंने दावा किया कि आने वाले समय में किसान संगठनों, ट्रेड यूनियनों और नागरिक संगठनों को भी इस अभियान से जोड़ा जाएगा।

समाजवादी पार्टी की सांसद इकरा हसन ने इसे पूरे देश से जुड़ा मुद्दा बताते हुए कहा कि विपक्षी दल इस मामले में एक साथ हैं।

आठ दिनों में छह बैठकें और प्रदर्शन

SIR और चुनाव आयोग को लेकर विपक्ष पिछले कई दिनों से लगातार सक्रिय है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, 6 अक्टूबर को राहुल गांधी, प्रियंका गांधी और विपक्षी सांसदों ने चुनाव आयोग के कार्यालय तक मार्च निकाला था। इसके बाद 8 अक्टूबर को INDIA ब्लॉक के सांसदों ने राजघाट पर मौन प्रदर्शन किया।

आंदोलन के तहत अलग-अलग स्थानों पर बैठकें और विरोध प्रदर्शन किए गए। 12 अक्टूबर को विपक्षी नेताओं ने सुप्रीम कोर्ट तक मार्च निकालकर SIR में कथित अनियमितताओं की जांच और प्रक्रिया पर रोक लगाने की मांग भी उठाई थी।

मंगलवार को राहुल गांधी के आवास पर हुई बैठक में नेताओं ने आगे की रणनीति पर चर्चा की। हालांकि, बैठक के बाद आंदोलन के अगले चरण को लेकर कोई विस्तृत कार्यक्रम उपलब्ध जानकारी में सामने नहीं आया।

प्रदर्शन को लेकर दिल्ली में चार FIR दर्ज

SIR और मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग को लेकर हुए प्रदर्शनों के संबंध में दिल्ली पुलिस ने चार प्राथमिकी दर्ज की हैं। उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, ये मामले कनॉट प्लेस, तिलक मार्ग, बाराखंभा और मंदिर मार्ग पुलिस थानों में दर्ज किए गए हैं। रिपोर्ट के अनुसार, इन मामलों में राहुल गांधी और प्रियंका गांधी के नाम भी शामिल हैं।

विपक्षी दलों का कहना है कि वे चुनावी प्रक्रिया की निष्पक्षता और लोकतांत्रिक अधिकारों के मुद्दे पर पीछे नहीं हटेंगे। राहुल गांधी ने स्पष्ट किया कि ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर उनका आंदोलन जारी रहेगा।

अब आगे क्या? INDIA ब्लॉक की बैठक के बाद सभी की नजर विपक्ष की अगली रणनीति पर है। SIR, चुनाव आयोग की भूमिका और मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग आने वाले दिनों में राजनीतिक बहस के प्रमुख मुद्दे बने रहने की संभावना है।

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